
तिल्दा-नेवरा में दर्दनाक रेल हादसा: लिंक एक्सप्रेस की चपेट में आने से दो रेल कर्मियों की मौत, इलाके में शोक
तिल्दा-नेवरा | रायपुर
रायपुर जिले के तिल्दा-नेवरा थाना क्षेत्र से एक बेहद दर्दनाक रेल हादसे की खबर सामने आई है। बैकुंठ पुलिया के ऊपर डाउन मिडिल रेलवे लाइन के पास लिंक एक्सप्रेस ट्रेन की चपेट में आने से दो व्यक्तियों की मौके पर ही मौत हो गई।
मृतकों में एक रेलवे विभाग का नियमित कर्मचारी तथा दूसरा ठेके पर कार्य करने वाला युवक शामिल है। इस घटना के बाद पूरे तिल्दा-नेवरा क्षेत्र में शोक और स्तब्धता का माहौल है।

मिली जानकारी के अनुसार, मृत रेलवे कर्मी की पहचान लाला राम बंजारे (55 वर्ष) के रूप में हुई है, जो रेलवे विभाग में नियमित पद पर कार्यरत थे। वहीं, दूसरे मृतक मोहन लाल साहू (26 वर्ष) बताए गए हैं, जो ठेकेदारी के माध्यम से रेलवे से जुड़े कार्यों में लगे हुए थे।
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि दोनों व्यक्ति घटना के समय रेलवे ट्रैक के पास मौजूद थे। इसी दौरान तेज रफ्तार से आ रही लिंक एक्सप्रेस ट्रेन ने उन्हें अपनी चपेट में ले लिया। ट्रेन की गति इतनी अधिक थी कि दोनों को संभलने या हटने का अवसर तक नहीं मिला और दोनों की घटनास्थल पर ही मौत हो गई।
हादसे के तुरंत बाद आसपास मौजूद लोगों ने इसकी सूचना तिल्दा थाना पुलिस को दी। सूचना मिलते ही तिल्दा पुलिस मौके पर पहुंची और रेलवे अधिकारियों को भी अवगत कराया गया। पुलिस द्वारा घटनास्थल का निरीक्षण किया गया और आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी की गई।
तिल्दा थाना पुलिस ने दोनों मृतकों के संबंध में पंचनामा मर्ग कायम कर लिया है और मामले की जांच प्रारंभ कर दी है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि प्रारंभिक तौर पर यह घटना एक दुर्घटना प्रतीत हो रही है, हालांकि हर पहलू की बारीकी से जांच की जा रही है। रेलवे विभाग से संबंधित ड्यूटी रिकॉर्ड, कार्य आदेश और अन्य दस्तावेज भी खंगाले जा रहे हैं, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि हादसे के समय दोनों कर्मचारी किस कार्य के लिए वहां मौजूद थे।
हादसे के बाद दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल भेज दिया गया है। पोस्टमार्टम प्रक्रिया पूरी होने के बाद शवों को परिजनों को सौंपा जाएगा। घटना की सूचना मिलते ही दोनों मृतकों के परिवारों में कोहराम मच गया। परिजन अस्पताल और थाना परिसर में गहरे सदमे की हालत में नजर आए।
स्थानीय लोगों का कहना है कि उक्त स्थान पर पहले भी रेल हादसे हो चुके हैं, लेकिन सुरक्षा व्यवस्था और निगरानी में कोई ठोस सुधार नहीं किया गया। लोगों ने रेलवे ट्रैक के आसपास बेहतर सुरक्षा उपाय, चेतावनी संकेत और निगरानी बढ़ाने की मांग की है, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
इस हृदयविदारक हादसे ने एक बार फिर रेलवे ट्रैक के आसपास कार्यरत कर्मचारियों की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। फिलहाल पुलिस और रेलवे विभाग की संयुक्त जांच जारी है।

Anil Kumar Bhatt
Editor in Chief
