
तिल्दा, रायपुर | 04 दिसंबर 2025
सहकारी समिति भवन में प्रस्तावित आंगनबाड़ी केंद्र को लेकर किसानों का विरोध तेज
तिल्दा नगर के वार्ड क्रमांक 18 स्थित शिक्षक कॉलोनी में बने तिल्दा सहकारी समिति भवन में आंगनबाड़ी केंद्र स्थापित करने के प्रस्ताव का किसानों और स्थानीय नागरिकों ने कड़ा विरोध किया है। नगर पालिका द्वारा हाल ही में समिति भवन परिसर में आंगनबाड़ी भवन निर्माण का प्रस्ताव रखा गया था, जिसके बाद से ही ग्रामीणों में रोष व्याप्त है।
45 वर्षों से किसानों का मुख्य संचालन केंद्र
तिल्दा सहकारी समिति, पंजीयन क्रमांक 945 के अनुसार, पिछले लगभग 45 वर्षों से किसानों के लिए महत्वपूर्ण केंद्र के रूप में कार्यरत है। यहां से किसानों को बीज वितरण, खाद-बीज संबंधी गतिविधियाँ, कृषि बैठकें और अन्य आवश्यक कार्यकर्म संचालित किए जाते हैं। किसानों का कहना है कि समिति भवन उनके कृषि कार्यों की “रीढ़” है और इसे किसी भी रूप में बाधित करना अनुचित होगा।
निर्माण प्रस्ताव के खिलाफ किसानों का ज्ञापन
नगर पालिका द्वारा समिति भवन परिसर में आंगनबाड़ी भवन निर्माण की प्रक्रिया शुरू करने की जानकारी मिलते ही किसानों और स्थानीय नागरिकों ने सामूहिक रूप से इसका विरोध किया। गुरुवार को बड़ी संख्या में किसान SDM, तहसीलदार और नगर पालिका CMO कार्यालय पहुंचे और ज्ञापन सौंपा।
ज्ञापन में ग्रामीणों ने कहा कि—
समिति भवन कृषि कार्यों के लिए आवश्यक व संवेदनशील क्षेत्र है।
यहां किसी भी प्रकार का नया निर्माण समिति की गतिविधियों को प्रभावित करेगा।
आंगनबाड़ी भवन के लिए नगर में अन्य कई वैकल्पिक सरकारी भूमि उपलब्ध हैं, जिनका चयन किया जाना चाहिए।
किसानों की प्रमुख आपत्तियाँ
किसानों के अनुसार—
समिति भवन की जगह सीमित है, जहां आंगनबाड़ी केंद्र बनने पर वाहनों की आवाजाही प्रभावित होगी।
बीज वितरण और कृषि-संबंधित गतिविधियों में रुकावट आएगी।
किसानों की बैठकों, प्रशिक्षण और अन्य कार्यक्रमों के लिए पर्याप्त स्थान उपलब्ध नहीं रहेगा।
स्थानीय नागरिक भी किसानों के समर्थन में
केवल किसान ही नहीं, बल्कि आसपास के स्थानीय नागरिक भी समिति भवन में आंगनबाड़ी निर्माण को अनुचित बता रहे हैं। उनका कहना है कि आंगनबाड़ी बच्चों के लिए सुरक्षित एवं शांत वातावरण वाली जगह पर होना चाहिए। समिति भवन में प्रतिदिन किसानों की आवाजाही, वाहनों की आवक-जावक और कृषि संबंधी गतिविधियाँ चलती रहती हैं, जिससे आंगनबाड़ी संचालन में भी बाधाएँ उत्पन्न होंगी।
प्रशासन ने कार्रवाई का दिया आश्वासन
प्रशासनिक अधिकारियों ने किसानों का ज्ञापन प्राप्त कर मामले की समीक्षा का आश्वासन दिया है। SDM ने कहा कि किसानों की भावनाओं को समझते हुए प्रस्ताव का पुनर्मूल्यांकन किया जाएगा और आवश्यक होने पर वैकल्पिक स्थान का चयन भी किया जा सकता है।
ग्रामीणों की मांग— “विकास हो, लेकिन सही स्थान पर”
ग्रामीणों का कहना है कि वे आंगनबाड़ी केंद्र के निर्माण का विरोध नहीं कर रहे हैं, बल्कि उसके स्थान को लेकर आपत्ति जता रहे हैं। उनके अनुसार विकास कार्य स्वागत योग्य हैं, परंतु उन्हें ऐसे स्थान पर होना चाहिए, जिससे किसी मौजूदा महत्वपूर्ण संस्था को नुकसान न पहुंचे।
तिल्दा में यह मुद्दा चर्चाओं में बना हुआ है और किसान आगामी दिनों में भी इस प्रस्ताव के खिलाफ अपने आंदोलन को जारी रखने की बात कह रहे हैं। प्रशासन की अगली कार्यवाही पर सभी की नजरें टिकी हुई हैं।
तिल्दा टाइम्स CG न्यूज

Anil Kumar Bhatt
Editor in Chief
