
सूरजपुर में सोना खरीदने के नाम पर ठगी: 4 आरोपी गिरफ्तार, 1.24 लाख रुपये बरामद
सूरजपुर | 30 मार्च 2026
जिले में सोना खरीदने के नाम पर लाखों की ठगी का मामला सामने आया है, जिसमें पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपियों ने असली सोने का सैंपल दिखाकर पीतल को सोने के रूप में बेचकर प्रार्थी से लाखों रुपये ठग लिए।
🔶 क्या है पूरा मामला?
प्राप्त जानकारी के अनुसार, ग्राम दर्रीपारा थाना झिलमिली निवासी बालरूप गुप्ता ने थाना चांदनी में रिपोर्ट दर्ज कराई कि होली पर्व से 4-5 दिन पहले ग्राम पपराखांड सावारांवा निवासी सोनू ने उसे बताया कि कुछ लोग सोना बेचने के लिए संपर्क कर रहे हैं।
इसके बाद 6 मार्च 2026 को प्रार्थी, सोनू के साथ बिहारपुर नवाटोला गया, जहां दो अज्ञात व्यक्तियों ने सोने का सैंपल दिखाया। उन्होंने सोने का एक छोटा टुकड़ा काटकर दिया, जिसे भैयाथान के एक सोनार से जांच कराने पर वह असली निकला।
🔶 ऐसे दिया ठगी को अंजाम
सैंपल असली निकलने के बाद प्रार्थी ने सौदा तय किया। 11 मार्च 2026 को वह 2 लाख 20 हजार रुपये लेकर रेडीपहरी चौक, ठाडपाथर (थाना चांदनी) पहुंचा। यहां पहले से मौजूद आरोपियों ने कपड़े में लपेटकर पीतल को सोने के बिस्किट जैसा बनाकर उसे असली सोना बताकर दे दिया। प्रार्थी ने उन पर भरोसा कर पूरी रकम सौंप दी।
बाद में जब जांच हुई तो पता चला कि वह सोना नहीं बल्कि पीतल था और उसके साथ ठगी हो चुकी है।
🔶 पुलिस की कार्रवाई
प्रार्थी की शिकायत पर थाना चांदनी में अपराध क्रमांक 28/2026 के तहत धारा 318(4), 3(5) बीएनएस के अंतर्गत मामला दर्ज किया गया।
मामले की गंभीरता को देखते हुए डीआईजी व एसएसपी सूरजपुर प्रशांत कुमार ठाकुर ने आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी के निर्देश दिए।
एसडीओपी ओड़गी राजेश जोशी के मार्गदर्शन में थाना चांदनी पुलिस ने जांच शुरू की और सबसे पहले कमीशन के लालच में प्रार्थी को फंसाने वाले आरोपी अर्जुन देवांगन एवं मोहन उर्फ सोनू को गिरफ्तार किया।
उनसे पूछताछ के आधार पर पुलिस ने गिरोह के अन्य दो सदस्य राजेन्द्र यादव और किशोरी लाल यादव को भी दबिश देकर पकड़ा।
🔶 आरोपियों ने कबूला जुर्म
पूछताछ के दौरान चारों आरोपियों ने मिलकर ठगी की वारदात को अंजाम देना स्वीकार किया। उनकी निशानदेही पर पुलिस ने ठगी की रकम में से 1 लाख 24 हजार रुपये नगद बरामद किए हैं।
🔶 पुलिस की अपील
पुलिस ने आम लोगों से अपील की है कि इस तरह के लालच में आकर अज्ञात व्यक्तियों से सोना-चांदी या अन्य कीमती वस्तुओं की खरीद-फरोख्त न करें। किसी भी संदिग्ध लेन-देन की जानकारी तुरंत पुलिस को दें।
👉 निष्कर्ष:
यह मामला एक बार फिर साबित करता है कि सस्ते में कीमती सामान खरीदने का लालच लोगों को बड़ी ठगी का शिकार बना सकता है। सतर्कता और जागरूकता ही ऐसे अपराधों से बचने का सबसे बड़ा उपाय है।

Anil Kumar Bhatt
Editor in Chief
